POPULAR ENGLISH+ SIGNUP LOGIN
POPULAR POST - LATEST
... Read more
clicks 13 View  Vote Like 0  3:27pm 4 Jun 2020
घर में रहना , घर में रहना , घर में ही रहना है .... https://www.youtube.com/watch?v=qQ_UZ2N9EG8... Read more
clicks 10 View  Vote Like 0  4:25pm 4 Jun 2020
तुम्हारी आवाज़ की खनक सुनकरहवा साज़ में बदल जाती हैबजने लगते हैं सुरहौले से मेरे कानों में घोलते मधुरस भरे गीतजीत लेना चाहती हूँतुम्हारी निःशब्दताअपने शब्दों के रूप सेजैसे विंग्स की कहानी का मौनविजित करताएक ऑस्कर प्रतिमातुम्हारी नींद में जागना चाहती हूँ लम्बी ... Read more
clicks 9 View  Vote Like 0  8:55pm 4 Jun 2020
देख... Read more
clicks 9 View  Vote Like 0  8:59pm 4 Jun 2020
अनलॉक के दौरान बाजार में भीड़ अब अपने पुराने रूप में आती दिख रही है. उरई में शाम पाँच बजे तक बाजार खोलने की अनुमति है. जैसा कि ऊपर से आदेश हैं, उसके अनुसार रात नौ बजे तक नागरिकों के आवागमन पर प्रतिबन्ध नहीं है. एक आवश्यक काम से शाम को सात बजे के बाद निकलना हुआ. उस समय बाजार पू... Read more
clicks 6 View  Vote Like 0  11:58pm 4 Jun 2020
... Read more
clicks 6 View  Vote Like 0  9:18am 5 Jun 2020
बॉलीवुड कलाकार जिन्होंने अपने नाम वाले गानों में काम किया Bollywood actors acted in songs with their names... Read more
clicks 6 View  Vote Like 0  4:44pm 5 Jun 2020
                                                   Photo credit by- google.comसोनू सूद,  इंसान या फरिश्तासन तिहत्तर की बात, ३० जुलाई की रातअबोध बालक का जन्म हुआ, सोनू सूद नाम हुआपूरा मोगा (पंजाब) में खुशियों की लहार दौड़ गयापंजाब ने पुरे देश को फिर एक लाल दिया अभियंत... Read more
clicks 5 View  Vote Like 0  4:28pm 5 Jun 2020
स्नातक स्तर तक की पढ़ाई पूरी न हो सकी थी कि पिताजी का आदेश मिला कि वापस घर आ जाओ, आगे नहीं पढ़ाना है. उस समय हम स्थिति समझ सकते थे. घर से पढ़ने के लिए ग्वालियर पहुँचे और वहाँ पढ़ने से ज्यादा नाम सामने आने लगा लड़ाई-झगडा करने में. कहते हैं न कि बद अच्छा, बदनाम बुरा. कुछ नाम वास्तविक ... Read more
clicks 5 View  Vote Like 0  11:01pm 5 Jun 2020
ओ चित्रकार, क्या तूने अपने चित्र पर विश्लेषणात्मक नजर डाली?? कितनी खूबसूरती से तेरी कूची ने सजाई थी इस सृष्टि को अपने कोरे केनवास पर, कहीं गुंजायमान था पखेरुओं का कलरव मधुर गान कहीं परिलक्षित थी पर्वतों की ऊँची मुस्कान नदियों निर्झरों समंदरोंका कल - ... Read more
clicks 4 View  Vote Like 0  1:05am 5 Jun 2020
--पेड़ लगाना धरा पर, मानव का है कर्म।पर्यावरण सुधारना, हम सबका है धर्म।।--हरितक्रान्ति से मिटेगा, धरती का सन्ताप।पर्यावरण बचाइए, बचे रहेंगे आप।।--प्राणवायु का पेड़ ही, होते हैं आधार।पेड़ लगाकर कीजिए, धरती का सिंगार।।--पेड़ भगाते रोग को, बनकर वैद्य-हकीम।प्राणवायु... Read more
clicks 4 View  Vote Like 0  1:00am 5 Jun 2020
#औरतेंअजीब होतीं है।#रातभर पूरा सोती नहीं #थोड़ाथोड़ा जागती रहतीं#नींदकी स्याही में#उंगलियांडुबो#दिनकी बही लिखतीं#टटोलतीरहतीं#दरवाजोंकी कड़ियाँ#बच्चोंकी चादर#पतिका मन..#औरजब जागती हैं सुबह#तोपूरा नहीं जागती#नींदमें ही भागतीं #हवाकी तरह घूमतीं घर बाहर#टिफिनमें रोज... Read more
clicks 4 View  Vote Like 0  8:21am 5 Jun 2020
विश्व पर्यावरण दिवस की आवश्यकता संयुक्त राष्ट्र संघ ने महसूस की और इसी लिए प्रतिवर्ष 5 जून को इस दिवस को मनाने के लिए निश्चित किया गया । विश्व में लगभग 100 देश विश्व पर्यावरण दिवस मनाते हैं । धरती से हरियाली के स्थान पर बड़ी बड़ी बहुमंजिली इमारतें दिखाई दे रहीं हैं । नेशनल हाईवे के निर्माण के नाम पर मीलों लंबे रास्ते एक कतरा छाँव से रहित है। पथिक पहले तो पैदल ही चलते थे पेड़ों के नीचे सुस्ताकर कुँए का शीतल जल पीकर आगे की रास्ता लेते थे । अब तो कुछ शेष नहीं तो अगर हम उन्हें नहीं रहने देंगे तो वह हमें कैसे जीने देंगे? *मानव सुख की कीमत* दिन पर ... Read more
clicks 4 View  Vote Like 0  11:34am 5 Jun 2020
हिन्दी फिल्म इतिहास की चंद वे फिल्में जिन्हे बार बार देखने की इच्छा होती है उसमें एक है सत्यकाम। सन 1969 में बनी यह फिल्म कहानी की दृष्टि से अत्यंत उम्दा फिल्म है। ... Read more
clicks 4 View  Vote Like 0  4:09pm 5 Jun 2020
झाबुआ। जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण झाबुआ राजेश कुमार गुप्ता के निर्देशन में यहाॅं वन विद्यालय  (ईको सेन्टर) में विश्व पर्यावरण दिवस पर शुक्रवार को विधिक साक्षरता एवं कोरोना वायरस संक्रमण रोकथाम उपाय, बचाव तथा पर्यावरण एवं वन अधिन... Read more
clicks 4 View  Vote Like 0  6:12pm 5 Jun 2020
फूलवारी ******* जब भी मिलने जाती हूँ   कसकर मेरी बाँहें पकड़, कहती है मुझसे -   अब जो आई हो, तो यहीं रह जाओ   याद करो, जब अपने नन्हे-नन्हे हाथों से   तुमने रोपा था, हम सब को   देखो कितनी खिली हुई है बगिया   पर तुम्हारे बिना अच्छा नहीं लगता   बहुत याद आती हो त... Read more
clicks 4 View  Vote Like 0  10:58pm 5 Jun 2020
साल 2020 आर्थत 20वी सदी का वो भयानक साल जिसमें करोना नामक महामारी के चलते आज सारी दुनिया खत्म होने की कगार पर खड़ी है। तीन पीढ़ियों ने यह महामारी देखी और झेली सभी को याद रहेगा यह साल। इतिहास के पन्नो में फिर एक बार दर्ज होगा दुख दर्द एक असहनीय पीड़ा एक ऐसा जख्म जिसकी भरपाई ... Read more
clicks 3 View  Vote Like 0  1:20pm 5 Jun 2020
कोरोना ने पूरी दुनिया में हाहाकर मचा रखी है। इस वैश्विक महामारी ने मानव अस्तित्व की चूलेँ हिला कर रख छोड़ी है।  इस महामारी ने अमीर-गरीब, वर्ण-रंग भेद जैसी परिपाटी की खाई पाट दी है। पूरी दुनिया में कोरोना के भय का वातावरण व्याप्त है।  महामारी से बचने के लिए कई माह से लो... Read more
clicks 3 View  Vote Like 0  4:00am 5 Jun 2020
कोरोना संक्रमण से बचने के लिए केन्द्र सरकार द्वारा देशव्यापी लॉकडाउन को क्रमशः चार चरणों में लागू किया गया था. यह लॉकडाउन 25 मार्च 2020 को आरम्भ हुआ और जो विभिन्न चरणों से गुजरता हुआ 30 जून 2020 को समाप्त हुआ. इसके बाद कुछ शर्तों के साथ अनलॉक 1 को शुरू किया गया.लॉकडाउन अवधि में न... Read more
clicks 3 View  Vote Like 0  4:02pm 5 Jun 2020
महात्मा गाँधी ने कहा था कि व्यक्ति अगर हिंसक है तो वह पशु के समान है। मुझे यह महसूस होने लगा है कि मानव पशु बन चुका है और पशु मानव से ज्यादा सभ्य हैं। अगर पशुओं को नुकसान न पहुँचाया जाए, तो वे कुछ नहीं करते हैं। पशुओं में न लोभ है, न द्वेष, न ईर्ष्या, न प्रतिकार का भाव, न मान सम्मान अपमान की भावना। प्रकृति के साथ प्रकृति के बीच सहज जीवन ही पशु की मूल प्रवृति है। परन्तु मनुष्य अपनी प्रकृति के बिल्कुल विपरीत हो चुका है। मनुष्य की मनुष्यता ख़त्म हो गई है। मनुष्य में क्रूरता, पाश्विकता, अधर्म, क्रोध, आक्रोश, निर्दयता का गुण भरता जा रहा है। वह पतित, दुराग्रही, ... Read more
clicks 3 View  Vote Like 0  11:56pm 5 Jun 2020
सार सार को गहि रहे  ‘साधना’ में छुपी है धन की परिभाषा  धन वही है जो पार लगाए  वह नहीं जो रखा रह जाये  जो सारयुक्त है  वही धन है  उसे ही साधना है  हंस की तरह जो विवेक धरे  उस मन में जगती भावना है  भावना जो भर देती है शांति और प्रेम से  जो आनंद की लहर उठाती है  व्यर्थ जब हट ज... Read more
clicks 2 View  Vote Like 0  3:32pm 4 Jun 2020
सादर अभिवादन !शुक्रवार की चर्चा मंच प्रस्तुति में आप सभी विद्वजनों का हार्दिक स्वागत और अभिनन्दन ।विश्व पर्यावरण दिवस की सभी को हार्दिक शुभकामनाएं इस संकल्प के साथ कि  "हम प्रकृति के संरक्षण हेतु कम से कम एक वृक्ष लगा कर उसके पल्लवन का दायित्व लेने के साथ-साथ प्रकृत... Read more
clicks 2 View  Vote Like 0  12:01am 5 Jun 2020