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Blog: Krisuman

Blogger: Krishnendra Pratap Singh
राजेश और महेश दोनों मित्र थे। बहुत बढ़िया दोस्त। लेकिन किसी काम में मतभेद होने पर दूसरा मित्र साथ छोड़ता नहीं, उसके काम में साथ देता। एक दिन उन्होंने सोचा कि क्यों न पास के पेड़ों के झुंड पर बैठे पक्षियों का शिकार किया जाए। शिकार करने के लिए उन्होंने गुलेल ली। महेश की ऐ... Read more
clicks 198 View   Vote 0 Like   6:46pm 28 Apr 2016 #
Blogger: Krishnendra Pratap Singh
प्रिय पुत्री, जानती हो? वास्तव में बेटियां ओस की बूंद के समान कोमल होती हैं, पर मां बाप के लिए चांद की तरह शुभ्र उज्ज्वल मन वाली कलियां। बेटा एक कुल को रोशन करता है, पर बेटियां दो-दो कुलों में अपनी शीतल चांदनी बिखेरती हैं। पुत्री पिता की धरोहर या कोई वस्तु नहीं, जो दान की ज... Read more
clicks 176 View   Vote 0 Like   6:30am 27 Apr 2016 #
Blogger: Krishnendra Pratap Singh
कहते हैं, यदि आप यह नहीं जानते कि आपको जाना कहां है, तो फिर हर रास्ता गलत होता है। किसी भी क्षेत्र के किसी भी सफल व्यक्ति का उदाहरण ले लें। आप पाएंगे कि हर सफल व्यक्ति एक विशेष दिशा पकड़ कर अपनी सारी ऊर्जा उसी ओर लगा देता है। अमिताभ बच्चन महान अभिनेता इसलिए हैं कि बहुत समय ... Read more
clicks 174 View   Vote 0 Like   6:37pm 13 Apr 2016 #
Blogger: Krishnendra Pratap Singh
एक निठल्ला आदमी एक पेड़ के नीचे सो रहा था। एक साहूकार उधर से गुजरा। उसने कहा, ‘तुम इस तरह जमीन पर सो रहे हो। कुछ काम क्यों नहीं करते?’ ‘काम करने से क्या होगा?’ ‘काम करने से पैसे मिलेंगे।’ ‘पैसों का क्या करना है?’ ‘उससे तुम सुख-सुविधा के सब साधन खरीद सकते हो।’ ‘उसके बाद क्या... Read more
clicks 113 View   Vote 0 Like   8:14pm 8 Apr 2016 #Hindi
Blogger: Krishnendra Pratap Singh
आधुनिक जीवनशैली ने अनेक बीमारियों को जन्म दिया है। उनमें से मधुमेह (Diabetes) भी एक है। मधुमेह के मरीजों की संख्या तेजी के साथ बढ़ती जा रही है। समय रहते अगर इस पर काबू नहीं पाया गया तो वह दिन दूर नहीं जब यह बीमारी महामारी का रूप ले लेगी। शारीरिक श्रम से बचने, विलासिता का जीवन ज... Read more
clicks 169 View   Vote 0 Like   5:56pm 4 Apr 2016 #Hindi
Blogger: Krishnendra Pratap Singh
वेद में एक वाक्य है कि वाणी की मधुरता से सहज ही सभी को मित्र और कर्कश वाणी से दुश्मन बनाया जा सकता है। एक बार कुछ शिक्षक श्री अरविंद आश्रम (पांडिचेरी) गए। एक शिक्षक ने श्री माता जी से पूछा, ‘सदैव प्रसन्न रहने के लिए क्या करना चाहिए?’ माता जी ने कहा, ‘अपनी वाणी से अमृत बिखेर... Read more
clicks 126 View   Vote 0 Like   6:19pm 30 Mar 2016 #Hindi
Blogger: Krishnendra Pratap Singh
आचार्य चाणक्य अपने नीति वाक्यों के कारण दूर-दूर तक विख्यात थे। अनेक जिज्ञासु रोजाना उनके पास पहुंचते और अपनी शंकाओं का समाधान पाया करते थे। एक बार एक व्यक्ति ने आचार्य से प्रश्न किया, ‘भगवान की प्राप्ति का सरलतम साधन क्या है।’ आचार्य ने उत्तर दिया, भावे हि विद्यते देव... Read more
clicks 148 View   Vote 0 Like   6:33pm 28 Mar 2016 #Hindi
Blogger: Krishnendra Pratap Singh
पति और पत्नी का रिश्ता एक अनोखा रिश्ता होता है। संसार को चलाने और समाज को नई दिशा देने में इसके महत्व को कभी अनदेखा नहीं किया जा सकता। पति-पत्नी एक दूसरे के अनुगामी होते हैं। सुख-दुख के साथी होते हैं। मगर यह रिश्ता तभी तक वाजिब है, जब दोनों के बीच विश्वास और प्रेम हो। एक -द... Read more
clicks 170 View   Vote 0 Like   6:02pm 26 Mar 2016 #Hindi
Blogger: Krishnendra Pratap Singh
भोजन में सिर्फ स्वाद ही नहीं बल्कि पौष्टिकता भी होनी चाहिए। और यह तभी संभव है, जब आप खाना पकाते समय उचित पोषण पर ध्यान दें। भोजन स्वादिष्ट और पौष्टिक हो, इसके लिए थोड़ी सावधानी तो बरतनी ही पड़ेगी। यहां कुछ टिप्स दी जा रही हैं, जिन्हें अपनाकर आप भोजन की पौष्टिकता बनाए रख ... Read more
clicks 121 View   Vote 0 Like   6:49pm 18 Mar 2016 #Hindi
Blogger: Krishnendra Pratap Singh
ऋषि-मुनि व दार्शनिक हमेशा सकारात्मक सोच बनाए रखने की प्रेरणा देते हैं। वे विपरीत परिस्थितियों में भी धैर्य बनाए रखने, विपत्तियों को भी वरदान मानकर सहन करते रहने की बात किया करते हैं। संत प्रवर मुनि नछमल जी ‘अपनी-अपनी दृष्टि’ कथानक में बताते हैं कि, जानिए: चेतना के च... Read more
clicks 125 View   Vote 0 Like   4:08am 16 Mar 2016 #Hindi
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