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Buniyad ali

राकेश कुमार वर्मा ने हिंदी माधयम से अपनी बी. ए. की पढ़ाई पूरी कर ली। कुछ टूटी-फुटी अंग्रेजी भी बोल लेता है। घर वालो ने उसे दुबई भेजने की पूरी योजना बना ली। बड़ी मुश्किल से दुबई की एक अच्छी कंपनी में नौकरी लग गई। कंपनी वालों ने फ्री वीसा भेज दी थी। केवल हवाई-जहाज़ की टिकट की व्...
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  April 4, 2016, 10:39 pm
राहुल गॉव का एक होनहार लड़का है। पढ़ा-लिखा भी है। लेकिन फिल्में देखने का बहुत शौक है। जब भी कोई फिल्म लगती, राहुल जरूर देखता। गॉव से पांच किलोमीटर दूर एक छोटा-सा क़स्बा है। जिसमे एक टुटा-फुटा-सा सिनेमा हॉल भी है। बस फिर क्या था? राहुल हर शुक्रवार को पहला दिन पहला शो तो देख ही ...
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  January 16, 2016, 8:47 pm
धनराज सेठ एक अरब पति है, जो कई मिलों,फैक्ट्रियों का मालिक है। बेटा अजय भी अच्छा-खासा पढ़ा-लिखा नौजवान है। लेकिन धनराज सेठ की पत्नी का कुछ सालों पहले देहांत हो गया था। धनराज सेठ ने दूसरी शादी कर ली थी, नई पत्नी सावित्री बिल्कुल सीधी-साधी-सी है। लेकिन सावित्री का भाई सावंत ब...
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  October 28, 2015, 8:36 pm
चोर  यूँ तो चोरी करना हर लिहाज़ से ग़लत ही होता है, धर्म से या कानून से। लेकिन कुछ चोरी ऐसी होती है, जिसमे कुछ को सज़ा मिलती है, कुछ को नहीं। कानून में तो चोरों की सज़ा एक जैसी है। कानून की नज़र में चोर चाहे छोटा हो या बड़ा, सज़ा एक समान ही होती है। लेकिन आमतौर पर सज़ा ग़रीब को ही मिलत...
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  October 6, 2015, 8:25 pm
क्यों, कैसी रही?कमज़ोर इंसान को कोई भी दबाने की कोशिश करता है, कमज़ोर का तो कोई भी नहीं होता, केवल ईश्वर के। लेकिन कभी-कभी शेर को सवा शेर तो मिल ही जाता है।   एक दुबले-पतले और बेहद ही ग़रीब इंसान सड़क के किनारे से अपने सीधे रास्ते पर जा रहा था। रास्ते में एक मोटे अादमी से दुबल...
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  September 25, 2015, 6:46 pm
कालीजब कॉलेज की अंतिम परीक्षा चल रही थी, तो राकेश अपनी परीक्षा दे रहा था। राकेश की एक सहपाठी ममता भी कुछ दस पन्दरह सीट आगे परीक्षा दे रही थी। राकेश ने अपना परीक्षा-पत्र पन्दरह मिनट पहले ही कर लिया था। पन्दरह मिनट खाली बचे थे। अब सोचा किसी से मज़ाक किया जाए। हंसी-मज़ाक तो कि...
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  September 24, 2015, 8:22 pm
मैं सोचता रहाजब कॉलेज की अंतिम परीक्षा चल रही थी, मेरी अगली सीट पर एक दूसरी कॉलेज की लड़की परीक्षा दे रही थी, बार-बार मुड़-मुड़ के मेरी ओर देखती, और फिर से लिखने लग जाती, शायद उसे किसी प्रश्न का उत्तर पूछना था. मैं भी अपनी नज़रों को बार-बार उठा कर देखता, और फिर से अपनी नज़रों को झुक...
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  September 15, 2015, 7:47 pm
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