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Blog: चुगली:

Blogger: keshav patel
बोया को गुजरे हुए २ साल से ज्यादा हो गया है ....बोया अंडमान की एक प्राचीन भाषा बो को बोलने वाली एकमात्र महिला थी ..बोआ बो भाषा की जानकार थी और ये भाषा दुनिया की सबसे प्राचीन भाषाओं में से एक थी। भाषाओं का संकट विकास की वेदी पर चढ़ती बलि ही है। भाषा विज्ञानियों कि माने तो हरप... Read more
clicks 188 View   Vote 0 Like   5:27am 29 Aug 2012 #
Blogger: keshav patel
विश्व स्तर पर आज हमारा भारत देश हर तरह से संपन्न और प्रगतिशील माना जाता हैं। आज देश ने आकाश से बढ़कर ब्रह्माण्ड को छूने में कामयाबी हासिल की हैं। लेकिन इस पूरे प्रगतिशील दौर में आज भी देश में शिक्षा का स्तर पहले अधिक चिंताजनक बना हुआ है। आज भले ही हमारे पास हर एक किलो... Read more
clicks 203 View   Vote 0 Like   11:56am 24 Aug 2012 #शिक्षा का अधिकार
Blogger: keshav patel
धूमिल ने लिखा था - मेरे देश का प्रजातंत्र / मालगोदाम में लटकी बाल्टी की तरह है / जिस पर लिखा होता है आग / और भरा होता है / बालू और पानी / ...पिछले दिनों भोपाल स्थित भारत भवन में राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय और मप्र नाट्य विद्यालय के एक नाटक नील डाउन की बोल्ड़नेस को लेकर एक नया बवाल ... Read more
clicks 191 View   Vote 0 Like   5:35am 21 Aug 2012 #रंगमंच
Blogger: keshav patel
पिछलदिनों एक ब्लाग पर एक लेख मिला आप लोगो के साथ बांटने का मन हुआ साथ में लिंक संलग्न है,विषय इतना गंभीर है कि आप सुधी पाठकों के विचार जरूर व्यक्तहोना जन्मभूमि जननी और स्वर्ग से महान है। मेरा देश- मेरी धरती मेरी मां है... फिर राष्ट्रपिताऔर राष्ट्रपति जैसे शब्दों का क्या ... Read more
clicks 171 View   Vote 0 Like   5:03pm 14 Aug 2012 #
Blogger: keshav patel
राष्ट्रपति चुनावों में पीए संगमा की उम्मीदवारी के साथ एक बार फिर राजनीति में आदिवासी चिंतन की बात होने लगी है। नतीजे विपरीत मिलना थे, यह पहले से तय था लेकिन बावजूद इसके संगमा ने आदिवासी कार्ड खेला। ऐसा कार्ड, जो आज की राजनीति में प्रासंगिक नहीं है या यूं कहें कि सूट नह... Read more
clicks 158 View   Vote 0 Like   11:09am 7 Aug 2012 #राजनीति
Blogger: keshav patel
सिनमाई परदा बहुत कुछ कहता है...मसलन ये ना सिर्फ मंनोरंजन एक माध्यम है  बल्कि अभिव्यक्ति का एक हस्ताक्षर भी है.. इस माध्यम से अभिव्यक्ति का एक सशक्त हस्ताक्षर है..हास्य। सिनमाई परदें पर एक्शन .से भी ज्यादा लोगो हास्य को स्वीकार किया है...।यही कारण  साल भर में रिलीज होनेवा... Read more
clicks 193 View   Vote 0 Like   1:22pm 27 Jun 2012 #हास्य.फिल्में
Blogger: keshav patel
कन्या भ्रूण हत्या, शिशु हत्या औरमानव तस्करी जैसी घटनाओं के कारण भारत को एक सर्वे में महिलाओं के लिए दुनिया में चौथा सबसे खतरनाक देश माना गया है।महिला अधिकारों के लिए कानूनी सूचना और कानूनी सहायता केंद्र ' थॉमसन रॉयटर्स ट्रस्टलॉ विमिन ' की ओर से कराए गए सर्वे के अनुसार ... Read more
clicks 180 View   Vote 0 Like   1:15pm 27 Jun 2012 #शिशु हत्या
Blogger: keshav patel
बीजेपी के भीतर जारी घमासान थमने का नाम नहीं ले रहा है। कल लालकृष्ण आडवानी ने ब्लॉग बम फोड़ा था, जिसमें आडवाणी द्वारा नितिन गडकरी पर निशाना साधा था और आज बीजेपी के मुखपत्र 'कमल संदेश' के जरिये गडकरी और गुजरात के सीएम नरेंद्र मोदी पर हमला बोला गया है। इसमें बिना नाम लिए... Read more
clicks 223 View   Vote 0 Like   3:01am 2 Jun 2012 #भाजपा
Blogger: keshav patel
भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के दौरान होने वाली बैठकों में जब कोई प्रस्ताव पारित होता था, तो समूचा देश उसे स्वीकार करता था। इन बैठकों में पारित होने वाले मुद्दे नेताओं से ज्यादा महत्वपूर्ण होते थे। असहयोग आंदोलन हो या भारत छोड़ो आंदोलन इत्यादि आज भी प्रसांगिक हैं, लेकि... Read more
clicks 197 View   Vote 0 Like   4:00pm 28 May 2012 #भाजपा में अंदरूनी कलह
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