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Blog: अंतर्मन की लहरें Antarman Ki Lehren

Blogger: Sarika Mukesh
सारिका मुकेश का कविता-संग्रह “खिल उठे पलाश” पुरस्कृत हुआ और उन्हें “शब्द श्री” सम्मान से विभूषित किया गया मध्य प्रदेश सामाजिक विज्ञान शोध संस्थान, उज्जैन में ‘अखिल भारतीय साहित्यिक सम्मान, 2014’ के समारोह में 30 मार्च 2014 रविवार को सारिका मुकेश के कविता-संग्रह ‘खिल उठे ... Read more
clicks 145 View   Vote 0 Like   11:42am 4 Apr 2014 #
Blogger: Sarika Mukesh
ज़रा भविष्य के विषय में भी सोचिए: दोस्तों, आज इस इक्कीसवीं सदी तक पहुँचते-पहुँचते हम शिक्षित तो खूब हुए पर हमने प्रकृति को ध्वंस करने में कोई कसर नहीं छोड़ी I कभी-कभी तो यूँ लगता है कि हमारी सारी प्रगति और उन्नति के मूल में यह विध्वंस ही छिपा है I हमने प्रकृति का सारा संतुलन ... Read more
clicks 150 View   Vote 0 Like   3:26am 14 Mar 2014 #
Blogger: Sarika Mukesh
न हो हताशडूबकर उगता फ़िर से सूर्य *** सभी मित्रों को सुप्रभात :-))(चित्र: गूगल से साभार)... Read more
clicks 129 View   Vote 0 Like   3:54am 6 Mar 2014 #कविता
Blogger: Sarika Mukesh
हमारी पुस्तक “शब्दों के पुल” पढ़कर हमारी एक सम्मानित मित्र ने (जो हमसे फेसबुक के माध्यम से ही परिचित हैं और अब हमारी प्रिय बहन बन चुकी हैं) हमसे फोन पर अपनी सहज, स्वाभाविक प्रतिक्रिया एक विशिष्ट अंदाज़ में व्यक्त की ! हमें महसूस हुआ कि अपनी रचना के माध्यम से भी हम किसी से क... Read more
clicks 147 View   Vote 0 Like   11:11am 5 Mar 2014 #कविता
Blogger: Sarika Mukesh
आपे में ही खो गया अब इतना यह संसारधन्यवाद तक से नहीं व्यक्त करते लोग उदगारकरते लोग उद्गार ना करना किसी की इज़्ज़त जानेंदो तुम उनको इज़्ज़त तो वो खुदा खुद को मानेंकहें मुकेश कविराय, ना व्यर्थ में समय गंवाओख़ुद पर रखो ध्यान अब ना दूजे पे निगाह गड़ाओ...(चित्र गूगल से साभार)... Read more
clicks 142 View   Vote 0 Like   10:55am 5 Mar 2014 #कविता
Blogger: Sarika Mukesh
Cover page of our sixth book ‘Hava Mein Shabd’हमारी पुस्तक 'हवा में शब्द'का कवर पेज ... Read more
clicks 113 View   Vote 0 Like   4:10am 22 Feb 2014 #हवा में शब्द
Blogger: Sarika Mukesh
(चित्र गूगल से साभार) तुझसे मिल बन जाते अपने पल भर में ***खिली-सी धूप छत पर लड़की उदास मन ***तू खुद पर रख पूरा विश्वाश बनेगी बात ***... Read more
clicks 115 View   Vote 0 Like   3:49am 22 Feb 2014 #हथेली में चाँदनी
Blogger: Sarika Mukesh
सब हृदय से तेरे आभारी हैं ओ मेरे भगवान हर रोज सुबह के रूप में तू जो देता है वरदान.....सुप्रभात :-)) चित्र गूगल से साभार ... Read more
clicks 187 View   Vote 0 Like   1:29am 10 Feb 2014 #
Blogger: Sarika Mukesh
हिंदी ब्लॉग जगत में सुपरिचित डॉ. सुशील कुमार जोशी जी ने अपने विशिष्ट अंदाज़ में हमारी पुस्तक “शब्दों के पुल” पर अपने स्नेह-पुष्पों के रूप में कुछ स्वसृजित हाइकुओं की वर्षा की है । जहाँ तक मुझे याद पड़ता है मैंने पहले इनके हाइकु नहीं पढ़े हैं और यही इस समीक्षा की विशेषता कह... Read more
clicks 120 View   Vote 0 Like   4:13am 9 Feb 2014 #शब्दों के पुल
Blogger: Sarika Mukesh
                                                 वसंत आया                                     आई तुम्हारी याद                                         दिल दुखाया (चित्र गूगल से साभार)... Read more
clicks 115 View   Vote 0 Like   8:07am 6 Feb 2014 #
Blogger: Sarika Mukesh
   जीवन की धूप और छाँवहै                           'शब्दों के पुल'दोस्तों...आज ही 'सारिका मुकेश'जी की लिखी नई पुस्तक 'शब्दों के पुल' (प्रकाशक-जाह्नवी प्रकाशन, दिल्ली) प्राप्त हुई है. हिन्दी कविता में नवीन प्रयोगवादी कवियों के द्वारा जापान से जिस नई विधा 'हाइकु'... Read more
clicks 152 View   Vote 0 Like   10:55am 28 Jan 2014 #पुस्तक समीक्षा
Blogger: Sarika Mukesh
मर्मस्पर्शी हाइकुओं का संकलन है“शब्दों के पुल”        अभी एक सप्ताह पूर्व डॉ. सारिका मुकेश द्वारा रचित एक हाइकु संग्रह मिला, जिसका नाम था “शब्दों के पुल”। 83 रचनाओं से सुसज्जित 112 पृष्ठों की इस पुस्तक को जाह्नवी प्रकाशन, दिल्ली द्वारा प्रकाशित किया गया है। जिस... Read more
clicks 114 View   Vote 0 Like   5:00pm 26 Jan 2014 #पुस्तक समीक्षा
Blogger: Sarika Mukesh
शब्दों के पुल आड़ी-तिरछी जीवन की डगर सँभलकर ***     जुड़ें हैं हम विविध होकर भी ज्यों मालगाड़ी ***     मिलाए छोर जीवन और मृत्यु शब्दों के पुल ***     ... Read more
clicks 127 View   Vote 0 Like   11:41am 26 Jan 2014 #हथेली में चाँदनी
Blogger: Sarika Mukesh
करने पूरा पिताजी का वचनवो गए वन       ***ये मानो ललामुकद्दर का लिखाना टाले टला       ***पंचवटी सेमाँ सीता का हरणकरे रावण        ***... Read more
clicks 156 View   Vote 0 Like   2:19pm 23 Jan 2014 #हथेली में चाँदनी
Blogger: Sarika Mukesh
तुम हो एक वृक्षसंग तुम्हाराज़ेहन में अब भीबसे हैं किस्से    ***ना भूला कभी वो छलकती हँसी निर्मल छवि    ***जन्मों का साथतुम हो एक वृक्ष मैं एक डाली    ***... Read more
clicks 126 View   Vote 0 Like   2:23pm 22 Jan 2014 #हथेली में चाँदनी
Blogger: Sarika Mukesh
रख विश्वाश नया आकाश नयी संभावनाएं नयी उड़ान       ***बनो सशक्त लो मुट्ठी में आकाश खूँदो जहान       ***रख विश्वाश हौंसलों में उड़ान छू ले आकाश       ***... Read more
clicks 144 View   Vote 0 Like   1:54pm 16 Jan 2014 #हथेली में चाँदनी
Blogger: Sarika Mukesh
दीप बन के जलूँपूजा-अर्चना मन को करें शुद्धदें नयी शक्ति        ***बनूँ तो बनूँआरती का दीपक तेरे थाल में       ***बन के दीपजलूँ तेरे मन मेंयही कामना       ***... Read more
clicks 173 View   Vote 0 Like   2:01pm 15 Jan 2014 #हथेली में चाँदनी
Blogger: Sarika Mukesh
कैसा विचित्र  संसार  ये  कैसी रीति विचित्रपैसा  ही अब माता-पिता पैसा  संबंधी मित्र                        ****विपदा दूजे की हमें अब तनिक न करे व्याकुलखुद की एक  खरोंच से  हम हो  जाते  आकुल                  ... Read more
clicks 161 View   Vote 0 Like   3:04pm 14 Jan 2014 #कविता
Blogger: Sarika Mukesh
जीवन की धूप-छाँव से गुजरते हुए ऊसर जमीन में हम, उपहार बो रहे हैं हम गीत  और ग़ज़ल के उद्गार ढो रहे हैं !!            ***प्रीत और मनुहार लेकर आ रहे हैं !हम हृदय में प्यार लेकर आ रहे हैं !!               ***हिंदी ब्लॉग जगत् अर्थात् हिंदी चिट्ठा जगत में जन... Read more
clicks 141 View   Vote 0 Like   9:43am 13 Jan 2014 #
Blogger: Sarika Mukesh
हमारे पूर्व प्रधानमंत्री, कवि, पत्रकार और एक कुशल वक्ता माननीय श्री अटल बिहारी वाजपेयी  जी की इन पंक्तियों पर आज एकाएक ही मेरी नज़र पड़ी तो सोचा नव-वर्ष के अवसर पर आज इन्हें यहाँ आप सबसे साझा कर लिया जाए:दिन जाते देर नहीं लगती,देखते-देखते एक वर्ष बीत गया;लंबी प्रतीक्षा क... Read more
clicks 156 View   Vote 0 Like   1:03pm 2 Jan 2014 #विविध
clicks 152 View   Vote 0 Like   5:41am 1 Jan 2014 #
Blogger: Sarika Mukesh
कल अचानक ही मिल गया एक पुराना कवितुरंत पहचान गया हमारी कवि वाली छविकुशलक्षेम पूछने के उपरांतअपनी जिज्ञासा करने को शांतउसने अपना मुँह खोलाऔर बडे ही प्रेम से बोला-आपको देखकर लगता है आप अच्छी लिखी-पढी हैंफिर आप क्यों कविता लिखने के इस पचडे में पडी हैंकिसी अच्छी मल्टीने... Read more
Blogger: Sarika Mukesh
कल पढते-पढते एकाएक ही किताब में रखा हुआमिल गया एक फूलऔर याद दिला गया-गुज़रे हुए कितने ही हसीं पलवो हँसता हुआ चेहराप्यार से वो आँखें छलछलना जाने कितनी ही कसमेंजो कभी निभाई ना जा सकीऔर ह्र्दय की ऐसी कुछ बातें जो कभी बताई ना जा सकींना जाने कितने ही वादेजो ना हो सके कभ... Read more
clicks 154 View   Vote 0 Like   10:46am 16 Nov 2013 #कविता
Blogger: Sarika Mukesh
दिन कील्हाश को ढोतीरात्रि के मरघट की ओरसरक-सरक करले जातीउदास-उदास सी शाम.                                                                         ›  ... Read more
clicks 134 View   Vote 0 Like   2:50pm 15 Nov 2013 #कविता
Blogger: Sarika Mukesh
तुम जो देख रहे होइस काग़ज़ पर यह सब कोई कविता नहींयह मैं हूँ...तुम हो...हम सब ही तो हैं... यह तो सच की वो लकीरें हैंजो हमारे आसपासचारों ओर हर कहीं जाल की तरह बिछी हैंजिनके बीच से अक्सर रोज़ होता है हमारा गुज़रनाऔर हम प्राय: उन परछोटी-मोटी टिप्पणी कर बिना ज़्यादा ध्यान या तवज़... Read more
clicks 171 View   Vote 0 Like   3:26am 10 Nov 2013 #कविता
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