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Blog: उन्मुक्ताकाश

Blogger: ramkumar ankush
सुबह  होते ही जिस चीज का सामना सबसे पहले होता है, वह है अख़बार... एक स्वस्थ मनुष्य अख़बार में सत्य शिव और सुंदर को खोजता है. लेकिन वहां मिलता है उसे अपराध, अन्धविश्वाश,धोखाधड़ी, नेतागिरी, भ्रमित करने वाले विज्ञापन, मूर्ख बनाने वाले राशिफल, धर्म के धंधेबाजों के उपदेश... कोई ... Read more
clicks 200 View   Vote 0 Like   1:55am 18 Mar 2012 #समाचार पत्र
Blogger: ramkumar ankush
 वृक्षों ने मनुष्यों के लिए बहुत कुछ दिया. हमने उनसे सहनशीलता सीखी, हमने उनपर पत्थर बरसाए लेकिन बदले में उन्होंने हमें फल दिए, छाया दी , पर्यावरण को शुद्ध किया. वृक्षों के सौन्दर्य ने सुमित्रा नंदन पन्त, निराला,महादेवी वर्मा आदि अदभुद कवियों के शब्दों क... Read more
clicks 114 View   Vote 0 Like   10:02am 8 Nov 2009 #फूलऔरपत्तियां
Blogger: ramkumar ankush
आज से दो माह पहले ब्लॉग सफर शुरू किया था यह सफर कहाँ तक पहुंचेगा यह तो भविष्य के आगोश में है, लेकिन इसका प्रतिफल मेरे लिए सुखद रहा .सबसे पहले में रचना जीके प्रति आभार व्यक्त करना चाहूँगा जिन्होंने पता नहीं कहाँ से खोज कर मेरा ब्लॉग पढ़ लिया और तत्काल टिप्पणी से भी मेरा उत्... Read more
clicks 132 View   Vote 0 Like   10:00am 1 Nov 2009 #
Blogger: ramkumar ankush
हमारे देश के हिन्दू संगठन रातदिन हो हल्ला मचाते हैं, हिन्दू एक नहीं हैं. धर्म परिवर्तन करके मुसलमान या ईसाई बन रहे हैं. हिंदुत्व खतरे में है....पूछने पर कि ऐसा क्यों है? सारा दारोमदार इसलाम का प्रचार या ईसाई मिशनरियों के ऊपर थोप दिया जाता है....लेकिन हिन्दू समाज की विसंगतिय... Read more
clicks 105 View   Vote 0 Like   11:28am 25 Oct 2009 #परम्पराएं
Blogger: ramkumar ankush
मेरे दिन की शुरुआत आबिदा परवीन की गाई कबीर बानी से शुरू होती है. नुशरत फतह अली खान एवं ए आर रहमान का मैं जबरदस्त प्रशंसक हूँ.. आमिर खान और दिलीप कुमार मेरे सर्वश्रेष्ठ अभिनेताओं की सूची में हैं. मैं शाहरुख़ को पसंद करता हूँ और सलमान खान के परिवार को इस देश के लिए एक आदर्श प... Read more
clicks 124 View   Vote 0 Like   10:57am 11 Oct 2009 #राही मासूम रजा
Blogger: ramkumar ankush
खुशवंत सिंह हिंदी के लेखक नहीं हैं। लेकिन बचपन से मैं उन्हें हिंदी में पढता आया हूँ. जब भी उन्हें हिंदी चैनलों पर सुना हिंदी में बोलते हुए पाया. उनसे एक बार पूछा गया कि आप हिंदी में क्यों नहीं लिखते तो उनका जवाब था कि मुझे हिंदी में लिखने का शऊर नहीं है , यानि हिंदी में लिख... Read more
clicks 119 View   Vote 0 Like   9:59am 3 Oct 2009 #ज्योतिष
Blogger: ramkumar ankush
खलील जिब्रान की एक लघु कथा है.....अफकार नामक एक प्राचीन नगर में किसी समय दो विद्वान् रहते थे. उनके विचारों में बड़ी भिन्नता थी. एक दुसरे की विद्या की हंसी उड़ाते थे. क्योंकि उनमे से एक आस्तिक था और दूसरा नास्तिक.एक दिन दोनों बाजार में मिले और अपने अनुयायियों की उपस्थिति में ... Read more
clicks 113 View   Vote 0 Like   3:56pm 26 Sep 2009 #नास्तिक
Blogger: ramkumar ankush
कल्पना कीजिये आपने सरकार की गलत नीतियों के खिलाफ एक जोरदार लेख लिखा, और पोस्ट कर दिया.आप बड़े खुश हो रहे होंगे, अपनी स्वतंत्र विचारधारा और सोच पर...... थोडी देर बाद आपके घर पुलिस पहुँच जाती है, और आप जेल में डाल दिए जाते हैं ।आपकी अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता छीन ली जाती है।जी ह... Read more
Blogger: ramkumar ankush
न उम्र की सीमा हो न जन्म का हो बंधनजब प्यार करे कोई तो देखे केवल मन यह गीत एक ज़माने में सबसे अधिक सुना गया थाजगजीत सिंह की रेशमी आवाज ने और इस गीत में लिखी पंक्तियों ने लोगों का दिल जीत लिया. यह गीत आज भी कर्णप्रिय है, और निश्चित रूप से कल भी रहेगा.इसमें लिखी पंक्तियों को स... Read more
clicks 132 View   Vote 0 Like   7:39am 19 Sep 2009 #साहसी कदम
Blogger: ramkumar ankush
ब्लॉग की दुनिया बड़ी रोचक और कुछ विचित्र भी है. यहाँ श्रेष्ठतम भी लिखा जा रहा है, और कचरा भी परोसा जा रहा है.किसी रचना पर टिप्पणी करने वाले अधिकांश चिट्ठेकार ही हैं,कुछ चिट्ठेकार ऐसे भी हैं जो रचनाएं पढने की जहमत नहीं उठाते बिना पढे ही टिप्पणी टपका देते हैं.ऐसे कुछ नमूने ... Read more
clicks 99 View   Vote 0 Like   12:25pm 16 Sep 2009 #टिप्पणियाँ
Blogger: ramkumar ankush
हमारा इंडिया चमक रहा है... शायनिंग इंडिया... प्रोग्रेसिव इंडिया...वैभव विलास से परिपूर्ण इंडिया...यहाँ ऊँची ऊँची अट्टालिकाएं हैं. धन का मादक नृत्य है और अधिक धन कमाने की लालसा है.प्रकृति से विरत कंक्रीट के घने जंगलों में प्रतिस्पर्धा की अंधी दौड़ है....रंगी पुती आधुनिक अप्स... Read more
clicks 103 View   Vote 0 Like   10:17am 2 Sep 2009 #
Blogger: ramkumar ankush
मित्रों के आग्रह पर लगा की मंटो के बारे में और चर्चा की जाए वैसे इस अनुभवी रूह के बारे में जानना और पढना अत्यंत रोमाचक और रोचक है। मंटो का सफर केवल ४२ वर्ष रहा. अलविदा कहने से पहले के १९ वर्षों के सफर में हमें उनसे २३० कहानियां ६७ रेडियो नाटक २२ शव्द चित्र, और ७० लेख मिले.म... Read more
clicks 134 View   Vote 0 Like   2:33am 26 Aug 2009 #
Blogger: ramkumar ankush
मित्रों के आग्रह पर लगा की मंटो के बारे में और चर्चा की जाए वैसे इस अनुभवी रूह के बारे में जानना और पढना अत्यंत रोमाचक और रोचक है। मंटो का सफर केवल ४२ वर्ष रहा. अलविदा कहने से पहले के १९ वर्षों के सफर में हमें उनसे २३० कहानियां ६७ रेडियो नाटक २२ शव्द चित्र, और ७० लेख मिले.म... Read more
clicks 90 View   Vote 0 Like   2:33am 26 Aug 2009 #
Blogger: ramkumar ankush
एक अनोखी घटना घटी है। मंटो मर गया है। यों तो वह एक अरसे से मर रहा था। कभी सुना कि वह पागलखाने में है। कभी सुना कि वह ज्यादा शराव पीने से अस्पताल में पड़ा है। कभी सुना कि उसके यार दोस्तों ने भी उसका साथ छोड़ दिया है। कभी सुना कि वह और उसके बच्चे फाकाकशी कर रहे हैं। बहुत सी बाते... Read more
clicks 106 View   Vote 0 Like   4:45am 16 Aug 2009 #
Blogger: ramkumar ankush
मध्यप्रदेश सरकार आजकल कन्यादान योजना चला रही है। प्रथम तो इस योजना के नामकरण पर ही प्रश्नचिन्ह लगना चाहिए .कन्यादान शब्द हिंदू समाज के लिए कलंक से ज्यादा नहीं है। हिंदू धर्म में दान का सर्वाधिक महत्व है जरूरतमंद को दान देना या उसकी मदद करना बुरा नही है। लेकिन हमें यह ... Read more
clicks 140 View   Vote 0 Like   2:42am 3 Aug 2009 #
Blogger: ramkumar ankush
हमारा समाज दिनोंदिन प्रगति के साथ-साथ इतना जटिल होता जा रहा है की सरल और निष्कपट जीवन जीना दुर्लभ प्रतीत होने लगा है। वह ख़ुद तो परतंत्र है ही दूसरों को भी इसी राह पर धकेलना चाहता है। नेता जनता पर एक छत्र राज्य चाहता है। गुरु अपने शिष्यों को जकड कर रखता है। कहीं पति अपनी ... Read more
clicks 121 View   Vote 0 Like   9:08am 29 Jul 2009 #
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