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Blog: रंगमंच

Blogger: दिव्याशीष
कलाकार के संघर्ष की दास्ताँ बता गया  नाटक  काल कोठरी , जिसका मंचन  कांति कृष्ण कला भवन रांची में  सम्पन्न हुआ  ... Read more
clicks 162 View   Vote 0 Like   2:30pm 3 Dec 2015 #
Blogger: दिव्याशीष
मंच पर अँधेरा है पर्दा खुलते हीनाटक "अवांछित"का आरम्भ  पागलखाने के एक कमरे का दृध्य से होता है जहां  युवक (समीर सौरभ ) चीखते हुए नज़र आता है और पागलखाने के स्टाफ उसे पकड़ते है तब डाक्टर (राकेश साहू )आकर युवक को छोड़ने के लिए कहता है फिर डाक्टर युवक से बाते  करता उसके ... Read more
clicks 120 View   Vote 0 Like   3:41pm 22 Nov 2015 #
Blogger: दिव्याशीष
झारखण्ड सरकार इन दिनों कला संस्कृति के प्रचार प्रयास में काफी ध्यान दे रही है जिसका प्रत्यक्ष उदहारण 'शनि परब 'के नाम से आरम्भ प्रत्येक शनिवार को सांस्कृतिक कार्यकर्मों को सरकारी स्तर  पर करना है इससे भी चार कदम आगे झारखण्ड सरकार के द्वारा अपने १६ह्वे स्थापना दिव... Read more
clicks 154 View   Vote 0 Like   1:00pm 16 Nov 2015 #
Blogger: दिव्याशीष
 ८ नवम्बर२०१५ वह ऐतिहासिक दिन जब बिहार की राजधानी पटना में चुनाव परिणाम के आने की तपिश से पूरा देश प्रभावित हो रहा था तो पटना रंगमंच के रंगकर्मी अपनी सहजता और कुशलता के साथ झारखण्ड की राजधानी रांची में अपने जलवे बिखेर रही थी। झारखण्ड की राजधानी रांची जो कभी एशिया क... Read more
clicks 192 View   Vote 0 Like   11:27am 11 Nov 2015 #
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रांची शहर के नाट्य प्रेक्षागृह "कान्ति कृष्ण कला भवन "गोरखनाथ लेन में प्रत्येक रविवार नाटक कार्यक्रम के अंतर्गत शहर की प्रसिद्द नाट्य संस्थादेशप्रिय क्लब  के द्वारा प्रेमचंद की कहानी कफ़न का नाट्य रूपांतरण का मंचन किया गया। कहानी का रूपांतरण भगवन चन्द्र घोष के... Read more
clicks 139 View   Vote 0 Like   4:16pm 2 Nov 2015 #
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 रांची रंगमंच की जानी मानी  नाट्य  संस्था वसुंधरा आर्ट्स की नाट्य प्रस्तुति "नाटक नहीं"का मंचन ३१ अक्टूबर २०१५ को डॉ रामदयाल मुंडा कला भवन रांची  प्रेक्षागृह में प्रतुत की गई।  व्यवस्था पर चोट पहुंचती नाटक नहीं  अपने सन्वादों के ज़रिये  समाज में व्याप्त  ... Read more
clicks 209 View   Vote 0 Like   11:50am 1 Nov 2015 #
Blogger: दिव्याशीष
सरहद पर देश की रक्षा के तैनात फौजी हमेशा पडोसी देश के लिए खतरा साबित होता है और सरहद पे शत्रु कोई खतरनाक मंसूबों के साथ अपने देश में दाखिल ना हो जवान जान की क़ुर्बानी देने को तैयार रहते है पर अपने देश के अंदर का मुनाफाखोर व्यापारी धन की लालच में दूसरे देश के जासूस से मिल फ... Read more
clicks 161 View   Vote 0 Like   1:43am 5 Sep 2015 #
Blogger: दिव्याशीष
कल राँची के, के एंड के डांस ग्रुप की बहुत ही सुंदर डांस ड्रामा "कान्हा "की प्रस्तुति देखने को मिली  इस ग्रुप के निर्देशक ने काफ़ी मेहनत कर पूरे प्रोग्राम को तैयार किया था ...इस ग्रुप का कल वार्षिकोत्सव था ..छोटे बच्चों एव बड़े लोगो को लेकर श्री कृष्णा जी की थीम (जनमाष्टमी)&n... Read more
clicks 133 View   Vote 0 Like   1:30pm 9 Aug 2012 #
Blogger: दिव्याशीष
कल राँची के, के एंड के डांस ग्रुप की बहुत ही सुंदर डांस ड्रामा " कान्हा " की प्रस्तुति देखने को मिली  इस ग्रुप के निर्देशक ने काफ़ी मेहनत कर पूरे प्रोग्राम को तैयार किया था ...इस ग्रुप का कल वार्षिकोत्सव था ..छोटे बच्चों एव बड़े लोगो को लेकर श्री कृष्णा जी की थीम (जनमाष्ट... Read more
clicks 156 View   Vote 0 Like   1:30pm 9 Aug 2012 #
Blogger: दिव्याशीष
कल राँची के, के एंड के डांस ग्रुप की बहुत ही सुंदर डांस ड्रामा " कान्हा " की प्रस्तुति देखने को मिली  इस ग्रुप के निर्देशक ने काफ़ी मेहनत कर पूरे प्रोग्राम को तैयार किया था ...इस ग्रुप का कल वार्षिकोत्सव था ..छोटे बच्चों एव बड़े लोगो को लेकर श्री कृष्णा जी की थीम (जनमाष्टमी)... Read more
clicks 144 View   Vote 0 Like   1:30pm 9 Aug 2012 #
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चौदह अगस्त की शाम से पंद्रह अगस्त की सुबह तकअंतिम किस्त ..........(इतने में पुलिस के सायरन की आवाज सुनाई देती है।) बाबा चैकते है। पाँच -  छः पुलिस वाले हाथ में लाठी के साथ आते है।, और लाश की तरफ बढ़ते है।इंसपेक्टर - तुमलोगों का मुखिया कौन है! बोलो। (सभी चुप) इस लाश को उठाकर चुपचाप... Read more
clicks 361 View   Vote 0 Like   2:00am 31 Jan 2012 #One Act Play
clicks 157 View   Vote 0 Like   5:45am 26 Jan 2012 #
Blogger: दिव्याशीष
राँची में नाट्य संस्था 'दर्पण' के द्वारा ३१ जनवरी एवं १ फ़रवरी को बंगला नाटक का मंचन किया जाएगा  ... Read more
clicks 184 View   Vote 0 Like   4:05pm 24 Jan 2012 #
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नाट्यकर्मी अशोक  अंचल जी की स्मृति में विगत दिनों अशोक अंचल स्मृति न्यास की तरफ से अशोक अंचल के द्वारा लिखित अंतिम नाटक 'चितबदला'का मंचन देशप्रिय क्लब रांची के मुक्ताकाशी मंच पर  किया गया. नाटक की प्रस्तुती काफी अच्छी रही.नाटक के मुख्य भूमिका में शुभ्रा मजुमदार, ... Read more
clicks 145 View   Vote 0 Like   1:43pm 27 Feb 2011 #
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नाट्यकर्मी अशोक  अंचल जी की स्मृति में विगत दिनों अशोक अंचल स्मृति न्यास की तरफ से अशोक अंचल के द्वारा लिखित अंतिम नाटक 'चितबदला' का मंचन देशप्रिय क्लब रांची के मुक्ताकाशी मंच पर  किया गया. नाटक की प्रस्तुती काफी अच्छी रही.नाटक के मुख्य भूमिका में शुभ्रा मजुमदार, ... Read more
clicks 122 View   Vote 0 Like   1:43pm 27 Feb 2011 #
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पिछले दिनों रांची में 'कहाँ हो परशुराम' नामक नाटक का मंचन रांची की नाट्य संस्था हस्ताक्षर के द्वारा किया गया जिसकी तस्वीरे आप देखें... Read more
clicks 207 View   Vote 0 Like   4:21pm 15 Jul 2009 #
Blogger: दिव्याशीष
बाल नाटकों की कमी अक्सर हिंदी नाट्य जगत में देखने को मिलती है और कई बार ऐसा महसूस होता है की हिंदी में बाल नाटको को लिखने के प्रति नाट्यकारों ने ध्यान कम दिया है वैसे विनोद रस्तोगी एवं अन्य नाट्यकारों के द्वारा कई बाल नाटक लिखे गए है परन्तु आज वक़्त बालमन को नाटकों से ज... Read more
clicks 150 View   Vote 0 Like   3:57pm 24 May 2009 #
Blogger: दिव्याशीष
क्या आपने कभी किसी अभिनय कर रहे नाटक के पात्र के आंखों में उस वक्त झांक कर देखा है जब वह किसी पात्र को जीता है ,जब वह संवाद संप्रेसन करता है,संवादों को ,शब्दों को उसके अनुरूप उच्चारण करता है तब मानो शब्द जी उठते है उनके संवाद का एक-एक शब्द चित्र बन कर हमारे सामने उभर पड़ते ... Read more
clicks 136 View   Vote 0 Like   4:07pm 20 May 2009 #
Blogger: दिव्याशीष
क्या रंगमंच सिनेमा के गलियारे की पहली सीढ़ी है यह प्रश्न कुछेक दशक पुर्व तक रंगकर्मियों के बीच चर्चा का विषय रहा और वास्तु स्तिथि ये थी की रंगमंच का इस्तेमाल सिनेमा की ख्वाहिस को पूरा करने का जरिया बन चूका था ज्यादातर लोग जो रंगमंच खास कर हिंदी रंगमंच से जुड़ रहे थे उनम... Read more
clicks 121 View   Vote 0 Like   10:46am 17 Apr 2009 #
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हम हिंदी रंगमंच पर किसी नाटक का मंचन देखते है तो हम अक्सर मंच पर अभिनय कर रहे अभिनेता को पहचानते है या फिर नाटक के निर्देशक को परन्तु हमेशा हमसे एक नाम छुट जाता वो हैं नाटक के बाहर से नाटक को मंचन कराने के लिए उठे हाथ वो हाथ जो न तो अभिनेता है, न ही निर्देशक न ही दर्शक परन्त... Read more
clicks 139 View   Vote 0 Like   3:55am 5 Apr 2009 #
Blogger: दिव्याशीष
जमशेदपुर थियेटर एसोसिएसन, जमशेदपुर के नाट्य महोत्सव के तीसरे दिन नाट्य संस्था 'निशान' की प्रस्तुति देवाशीष मजुमदार रचित नाटक "ताम्रपत्र" का मंचन श्याम कुमार के निर्देशन में हुआ. ताम्रपत्र एक ऐसे व्यक्ति की कहानी है जो गरीबी से तंग आकर वो बेटे को नौकरी लग जाये की लालच व... Read more
clicks 144 View   Vote 0 Like   4:12am 31 Mar 2009 #
Blogger: दिव्याशीष
विश्व रंगमंच दिवस के अवसर पर 'जमशेदपुर थियेटर एशोसियेसन,जमशेदपुर ' के द्वारा नाट्योंत्सव का आयोजन 27,28,29 मार्च को किया जा रहा है जिसके प्रथम दिवस नाट्य संस्था 'पथ' की प्रस्तुति विजय तेंदुलकर लिखित एवं मो० निजाम निर्देशित 'कन्यादान' का मंचन किया जायेगा। 28 मार्च को दक्षिण भ... Read more
clicks 143 View   Vote 0 Like   5:21pm 27 Mar 2009 #
Blogger: दिव्याशीष
एक प्रेक्षागृह के अन्दर एकदम अँधेरा ...उस अँधेरे में धीरे-धीरे एक वृत्त दायरे में आता प्रकाश ....उस प्रकाश के साथ कानों में सुने देती कुछ संवाद और साथ ही दिखाई पड़ता एक जीवंत अभिनय...एक रंगकर्मी जो मंच पर किसी पात्र को जी रहा है ..वह रंगकर्मी उस पात्र को जीवित कर देता है आपकी आ... Read more
clicks 176 View   Vote 0 Like   1:28pm 27 Mar 2009 #
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