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Blog: "प्रेम ही सत्य है"

Blogger: मीनाक्षी
देश विदेश में रहने वाले सभी भारतवासियों को गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं  देश के अंंदर बाहर तैनात जवानों और शहीदों के परिवाजनों को नत मस्तक प्रणाम ... Read more
clicks 27 View   Vote 0 Like   5:47am 26 Jan 2020 #
Blogger: मीनाक्षी
आभासी दुनिया में ब्लॉग जगत की अपनी अलग ही खूबसूरती है जो बार बार अपनी ओर खींचती हैअनायास..पुरानी यादों का दरिया बहता   चट्टानों सी दूरी से जा टकराता   भिगोता उदास दिल के किनारों को   अंकुरित होते जाते रूखे-सूखे ख़्याल   अतीत की ख़ुश्क बगिया खिल उठी ... Read more
clicks 111 View   Vote 0 Like   8:07am 6 Jun 2018 #छन्दमुक्त
Blogger: मीनाक्षी
ब्लॉग जगत के सभी मित्रों को प्रणाम ! यहाँ सक्रिय होने का प्रयास सफल हो यही कामना है. इस कोशिश में शामिल होते हुए कुछ यादों को आज के दिन बाँटने का चाह जागी. इसमें कोई दो राय नहीं कि आभासी दुनिया में फेसबुक ने ब्लॉग जगत को पीछे छोड़ दिया है. ब्लॉगर ऐसा है जिसे ब्लॉग जगत से मोह ह... Read more
clicks 141 View   Vote 0 Like   10:27am 1 Jul 2017 #
Blogger: मीनाक्षी
विश्व-पुस्तक मेला जनवरी 2017 बरसों बाद जब भारत आने का मौका मिला तो दिल्ली के पुस्तक मेले में जाने का संयोग मिलेगा सोचा नहीं था, पुस्तक मेले में जाने का पूरा क्रेडिट दोस्त रचना सिंंह को जाता है. इसी दोस्त की बदौलत मैट्रो का सफ़र करना भी आ गया. सन 2007 से अब तक ब्लॉग जगत की यही एक व... Read more
clicks 103 View   Vote 0 Like   10:17am 1 Jul 2017 #
Blogger: मीनाक्षी
दुनिया एक किताबखाना है , हर शख्स यहाँ बेनाम किताब हैकिताबों की इस दुनिया में , दाना भी हैं औ'अनपढ़ बेहिसाब हैं !!कब से बैठे हैं ये शब्द बेरोज़गारख्वाब दे कुछ इन्हें , इनको कुछ काम देखुख़री सी आवाज़ वाले फ़ौजी गौतम राजर्षि से पहली बार मिलने का सुखद अनुभव हुआ हालाँकि कश्मीर म... Read more
clicks 84 View   Vote 0 Like   9:25am 30 Jan 2017 #चर्चा
Blogger: मीनाक्षी
कब से बैठे हैं ये शब्द बेरोज़गारख्वाब दे कुछ इन्हें , इनको कुछ काम देखुख़री सी आवाज़ वाले फ़ौजी गौतम राजर्षि से पहली बार मिलने का सुखद अनुभव हुआ हालाँकि कश्मीर में आई बाढ़ के दिनों में चैट हुआ करती थी फिर भी आमने सामने मिलने की बात ही कुछ और होती है. उस  धारदार खरखरी आवाज़ ... Read more
clicks 104 View   Vote 0 Like   9:25am 30 Jan 2017 #
Blogger: मीनाक्षी
बादल, बिजली, बारिशऔर महफ़ूज़ घरों में हमसैनिक डटे सीमाओं परहर पल रखवाली में व्यस्त रखवाली में व्यस्त ना होते पस्तदुश्मन हो या हो क़ुदरत का अस्त्रअचल-अटल हिमालय जैसे डटे हुए बर्फ़ीले तूफ़ानों में गहरे दबे हुए आकुल-व्याकुल से नीचे धँसे हुएघुटती साँसों से लड़ते बर्फ... Read more
clicks 121 View   Vote 0 Like   8:35am 27 Jan 2017 #छंदमुक्त
Blogger: मीनाक्षी
दिल्ली से दुबई तक गणतंत्र दिवस का जश्न देखने और मनाने का आनंद अलग ही सुख दे रहा है. कई बरसों बाद पहली बार विश्व पुस्तक मेला देखा और अब गणतंत्र दिवस देखने का सौभाग्य मिला चाहे टीवी के सामने. दसवीं क्लास से कॉलेज ख़त्म होने तक हर साल परेड पर घर परिवार और मित्रों को लेकर जान... Read more
clicks 121 View   Vote 0 Like   6:14am 26 Jan 2017 #गणतंत्र दिवस
Blogger: मीनाक्षी
सागर की लहरों से बतियाती रेत पर लकीरें खींचती पीठ करके बैठी कोस रही थी चिलचिलाती धूप को सूरज की तीखी किरणें तीलियों सी चुभ रहीं थींहवा भी लापरवाह अलसाई  हुई कहीं दुबकी हुई थी बैरन बनी चुपके से छिपकर कहीं से देख रही होगी सूरज के साथ मिल कर मुझे सता कर खुश होती है ... Read more
clicks 165 View   Vote 0 Like   8:50pm 21 Jun 2016 #प्रकृति
Blogger: मीनाक्षी
ऑफिस से नीचे उतरते ही मैट्रो स्टेशन है. जहाँ से घर की दूरी चालीस मिनट की है. घर के पास वाला स्टेशन भी नज़दीक ही है. हर शाम पाँच बजे सीमा मदर डेरी में होती है. दूध , दही, सब्ज़ियाँ और फल लेकर ही घर जाती है. घर जाते ही फ्रेश होकर पहले अम्मा और अपने लिए चाय बनाती है. दोनों एक साथ चा... Read more
clicks 133 View   Vote 0 Like   8:57am 14 Jun 2016 #आदर
Blogger: मीनाक्षी
शब्द शराब बनआँखों के ज़रिएउतरते हैं दिलऔर दिमाग़ मेंनशा ग़ज़ब चढ़तानस नस में उतरताधीरे धीरे असर होताशब्दों का, भावों काइसीलिए तो शब्द सबकेऔर अपने भी पी जाती हूँजो नशा बन छा जातेकरते जादू सा मुझ पर  कर देते मुझे मूक-मुग्ध !... Read more
clicks 101 View   Vote 0 Like   4:59pm 27 May 2016 #जादू
Blogger: मीनाक्षी
मेरी यादों की गुल्लक में आज भी सालों पुराने ड्राफ्ट ताज़ा हैं. जैसे कल की बात हो जब ड्राइविंग लाइसेंस मिलने पर सबने दावत माँगी थी. दुबई में लाइसेंस मिलना आसान नहीं और मिल जाए तो फिर ड्राइविंग स्कूल में भी मिठाई बाँटनी पड़ती है. दस साल पहले तुकबन्दी की थी जो आज साझा करने... Read more
clicks 122 View   Vote 0 Like   10:53am 21 May 2016 #दुबई
Blogger: मीनाक्षी
रात की  ख़ामोशी में कुछ गज़लें दूर किसी नई दुनिया में ले जातीं हैं... सुनिए और महसूस करके बताइए !ये शीशे, ये सपने, ये रिश्ते, ये धागे किसे क्या खबर है कहाँ टूट जाएँ  मुहब्बत के दरिया में तिनके वफा के ना जाने ये किस मोड़ पर डूब जाएँ.....   अजब दिल की वादी, अजब दिल की बस्ती हर एक ... Read more
clicks 110 View   Vote 0 Like   7:25pm 19 May 2016 #गज़ल
Blogger: मीनाक्षी
मीठी -सी माँ हैलोरी मिश्री सी घुलीप्यार की डली *********माँ की बिटियाप्यार दुलार पायासबल हुई । "मीनाक्षी धंवंतरि"... Read more
clicks 108 View   Vote 0 Like   5:12am 16 May 2016 #हाइकु (त्रिपदम)
Blogger: मीनाक्षी
ब्लॉग़ जगत सागर जैसा विस्तार  लिए हुए अपनी ओर खींचता है बार बार हम पंछी से उड़ उड़ आते हैं हर बार फिर से लौटना हुआ पर क्या जानूँ कब तक रुकना होगा लेकिन हर बार लौटना रोमाँचित कर जाता है ! ... Read more
clicks 208 View   Vote 0 Like   1:10pm 15 May 2016 #
Blogger: मीनाक्षी
नहीं जानती कि क्यों वक्त बेवक्त ब्लॉग़ पर आना हो पाता है ..चाह कर , सोच सोच कर भी न आने का कोई खास कारण नहीं है लेकिन ज़िन्दगी बेतरतीब सी है यह पता चलता है.खैर आज आने का खास कारण यह है कि जैसे ही मैंने अपना ब्लॉग खोला तो इस सन्देश को देख कर होश उड़ गए , कुछ समझ नहीं आया कि ऐसा क्यों ... Read more
clicks 188 View   Vote 0 Like   4:17pm 9 Sep 2015 #
Blogger: मीनाक्षी
अपराध बोध : अध्याय 1 : भयानक रातें               द्वारा तरुण रात का अंधेरा चारों ओर फैला हुआ था, रात के सन्नाटे को चीरती किसी उल्लू की आवाज कभी-कभी सुनायी पड़ रही थी। दूर दूर तक कुछ नजर नही आ रहा था, अशोक के कदम बड़ी तेजी से घर की तरफ बढ़ रहे थे। अचानक आसमान में बड़ी त... Read more
clicks 130 View   Vote 0 Like   3:30am 30 Sep 2014 #बुनो कहानी
Blogger: मीनाक्षी
कारे कजरारे : अध्याय १ : परिवर्तन                      द्वारा शशि सिंह स्वाति फिर से अपने कमरे में गुमसुम-सी बैठी थी। उसकी मां रंजना हिम्मत नहीं जुटा पा रही थी कि दो शब्द भी कह पाये। हो भी कैसे? उसके लाख मना करने के बाद भी लड़केवालों के सामने उसकी नुमाइश की गई। न... Read more
clicks 130 View   Vote 0 Like   6:57am 24 Sep 2014 #बुनो कहानी
Blogger: मीनाक्षी
हर शाम जाते सूरज की बाँहों से किरणें मचल कर निकल जातीं...नन्हीं रंगबिरंगी सुनहरी किरणें बादलों के आँचल से लिपट जातीं...गुस्से में लाल पीला होता  सूरज उतरने लगता आसमान से नीचेगहराती सन्ध्या से सहमे बादल धकेल देते किरणों को उसके पीछे     ... Read more
clicks 140 View   Vote 0 Like   7:40am 17 Sep 2014 #क्षणिकाएँ
Blogger: मीनाक्षी
सन 2007 का शिक्षक दिवस नहीं भूलता , उसी दिन त्यागपत्र देकर अपने प्रिय शिष्यों से अलविदा ली थी , यह कह कर कि जल्दी लौटूँगी लेकिन वह दिन नहीं आया. एक शिक्षक के लिए शिक्षा और शिष्य ही अहम होते हैं और जब उन्हें त्याग दिया जाए तो शिक्षक की अपनी आभा भी उनके साथ ही चली जाती है. बस यादो... Read more
clicks 113 View   Vote 0 Like   8:46am 5 Sep 2014 #शिक्षा
Blogger: मीनाक्षी
मेरे घर के गमले में खुश्बूदार फूल खिला हैसफ़ेद शांति धारण किए कोमल रूप से मोहता मुझे .... छोटे-बड़े पत्थर भी सजे हैं सख्त और सर्द लेकिनधुन के पक्के हों जैसे अटल शांति इनमें भी है मुझे दोनों सा बनना है महक कर खिलना फिर चाहे बिखरना हो सदियों से बहते लावे में ... Read more
clicks 189 View   Vote 0 Like   2:09pm 24 Aug 2014 #फूल
Blogger: मीनाक्षी
ना लफ़्ज़ खर्च करना तुम ना लफ़्ज़ खर्च हम करेंगे  --------- ना हर्फ़ खर्च करना तुमना हर्फ़ खर्च हम करेंगे -------- नज़र की स्याही से लिखेंगे तुझे हज़ार चिट्ठियाँ  ------  काश कभी ऐसा भी हो कि बिना लफ़्ज़ खर्च किए कोई मन की बात सुन समझ ले. लेकिन कभी हुआ है ऐसा कि हम जो सोचें वैसा ही ... Read more
clicks 136 View   Vote 0 Like   2:00am 16 Jul 2014 #बर्फी
Blogger: मीनाक्षी
हर नया दिन सफ़ेद दूध साधुली चादर जैसे बिछ जाता सूरज की  हल्दी का टीका सजा केदिशाएँ भी सुनहरी हो उठतीं  सलोनी शाम का लहराता आँचलपल में स्याह रंग में बदल जाता  वसुधा रजनी की गोद में छिपती चन्दा तारे जगमग करते हँसते मैं मोहित होकर मूक सी हो जाती जब बादल चुपके से उत... Read more
clicks 151 View   Vote 0 Like   9:03am 30 Jun 2014 #मेरी कविताएँ
Blogger: मीनाक्षी
आसमान की ऊँचाइयों को झूने की चाहत पिछले महीने बड़े बेटे वरुण का जन्मदिन था. आज छोटे बेटे विद्युत का जन्मदिन है. अपनी डिजिटल डायरी में विद्युत का ज़िक्र दिल और दिमाग में उठती प्यार की तरंगों को उसी के नाम जैसे ही बयान करने की कोशिश कर रही हूँ .....कल दोपहर  विजय रियाद से... Read more
clicks 142 View   Vote 0 Like   1:03pm 28 Jun 2014 #दुबई
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  हमारीवाणी.कॉम पर ब्लॉग पंजीकृत करने की विधि बहुत सरल हैं। इसके लिए सबसे पहले प्रष्ट के सबसे ऊपर दाईं ओर लिखे ...
  हमारीवाणी पर ब्लॉग-पोस्ट के प्रकाशन के लिए 'क्लिक कोड' ब्लॉग पर लगाना आवश्यक है। इसके लिए पहले लोगिन करें, लोगिन के उपरांत खुलने वाले प...
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